Phd HINDI course work 1 Syllabus Mumbai University


Phd HINDI course work 1 Syllabus Mumbai University by munotes

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UNIVERSITY OF MUMBAI
Revised Syllabus andPattern of Question Paper in the
Subject ofHindiat the
CERTIFICATE COURSE IN HINDI TRANSLATION EXAMINATION


UNIVERSITY OF MUMBAI
Revised Syllabus
And
Pattern of

Ph.D. HINDI COURSE WORK
(Wit h effect from the Academic Year : 201 9-2020 )

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2 UNIVERSITY OF MUMBAI
Revised Syllabus and Pattern of
Ph.D. HINDI COURSE WORK
(With effect from the Academic Year : 201 9-2020 )

ह िन् द ी अध् य य न म ण् ड ल
ह िन् द ी अध् य य न म ं ड ल
अ ध् य क्ष : ड ॉ . अ ह न ल ह ंि
1. डॉ. करुणाशंकर उपाध्याय (सदस्य)
2. डॉ. हूबनाथ पाण्डेय (सदस्य)
3. डॉ. विद्या वशंदे (सदस्य)
4. डॉ. शीला आ हुजा (सदस्य)
5. डॉ. वित्रा गोस्िामी (सदस्य)
6. डॉ. संतोष मोटिानी (सदस्य)
7. डॉ. प्रकाश धुमाल (सदस्य)
8. डॉ. गौतम सोनकांबले (सदस्य)
9. डॉ. मोहवसन ख़ान (सदस्य)

प ा ठ ् य क्र म ह म ह ि
1 . ड ॉ . क रु ण ा श ंक र उ प ा ध् य ा य ( म न् व य क )
2. डॉ. सतीश पाण्डेय (सदस्य)
3. डॉ. वमवथलेश शमाा (सदस्य)
4. डॉ. बलकवि सुरंजे (सदस्य)
5. डॉ. संजीि दुबे (सदस्य)
म ं ब ई ह व श्व ह व द्य ा ल य, म ं ब ई

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3 प्र स्िा व न ा -
उच्िवशक्षा क े सो पानों में पीएि. डी. एक शोधोपावध है , वजसके वलए अनुसंधान के क्षेत्र से गुज़रते हुए
प्रामावणक -तटस्थ ता, िैज्ञावनक -दृवि सम्पन्न अनुसंधान प्रविवध का सहारा लेते हुए तथ्य संकलन क े द्वारा
अनुसंधान की वदशा में आगे बढ़ा जाता है। परंतु इस वदशा में अग्रसर होने के वलए वजस गुणित्ता,
पररकल्पना और शोध प्रिृवत की आिश्यकता होती है; उसकी प्रवतपूवता हेतु शोधाथी को एक पथ पर
िलना अवनिाया माना जाता है। शोधाथी क े वलए यह पथ कोसाि क ा क े रूप में वनधााररत वकया गया है।
शोधाथी इस मागा से होकर ही इस वदशा में अपने लक्ष्य को सहजता से साध सकता है। उसे शोध संबंधी
पूिा पररकल्पना से लेकर शोध के अंवतम पड़ाि तक का ज्ञान इस कोसा क े माध्यम से ही प्रदान वकया
जाएगा।
उ द्द ेश् य -
१. अनुसंधान की प्रविया से पररवित कराना ।
२. शोध की नयी वदशाओं का ज्ञान कराना।
३. िैश्वीकरण के दौर में वहंदी भाषा के बढ़ते प्रभाि के संदभा में शोध की नयी िुनौवतयों
का पररिय देना ।
४. शोध के क्षेत्र में नयी तकनीक और कम््यूटर के भावषक अनुप्रयोग का ज्ञान देना।
५. शोध और समी क्षा क े बदलते संदभों और मानकों का बोध कराना।

म ू ल य ा ं क न ए व ं प ा ठ ् य क्र म – प्र ा रू प
अ व ह ि - छ : म ा ि ( Duration : 6 Months) श्र े य ा ंक = १२
व् य ा ख् य ा न - प्र त् य ेक प्र श्न प त्र ि े ि 4 8 (Lectures )
ह ल ह ि ि प र ी क्ष ा अ व ह ि - 2 घ ंट े क ल अ ंक = १००

१. शोध और अनुसंधान प्रविवध पर पाठ्यिम आधररत वलवखत परीक्षा – ५० अंक – ०४ श्रेयांक
२. शोध पत्र – दो – ियवनत शोध विषय पर आधाररत अवभपत्र क े अवतररक्त वकसी अन्य विषय पर
-२५ अंक – ०४ श्रेयांक
३. स्तरीय शोध एक समीक्षा ग्रंथ का मूल्यांकन (न्यूनतम १५ पृष्ठ) – १३ अंक – ०२ श्रेयांक
४. मौवखक परीक्षा (viva -voce) – अनुसंधान – वसद्ांत और शोध विषय पर आधाररत – १२
अंक – ०२ श्रेयांक

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4 प ी ए च . ड ी . क ो सव क स प ा ठ ् य क्र म

अ व ह ि : ६ म ि ी न े श्र े य ा ंक : १ २
प्र त् य ेक व् य ा ख् य ा न १ घ ंट ा, क ल ४८ व् य ा ख् य ा न

इ क ा ई १ : श्र े य ा ंक : ०१
१. अनुसंधान का स्िरूप और महत्त्ि
२. अनुसंधान के मूल तत्त्ि
३. अनुसंधान के गुण / अहाताएँ

इ क ा ई २ : श्र े य ा ंक : ०१
४. अनुसंधान के प्रकार (िणा नात्मक, ऐवतहावसक, तुलनात्मक, गुणात्मक एिं पररमाणात्मक)
५. अनुसंधान और सावहत्यानुसंधान : साम्य-िैषम्य
६. अनुसंधान और आलोिना

इ क ा ई ३ : श्रे य ा ंक : ०१
७. अनुसंधान – प्रविवध एिं प्रविया

अनुसंधान प्रविवध – ऐवतहावसक, सावहत्य शास्त्रीय, मनोिैज्ञावनक, समाजशास्त्रीय तथा भाषा शास्त्रीय
प्रविवधयाँ

अनुसंधान की प्रविया :
१. विषय – ियन
२. अनुसंधान की समस्या
३. पूिािती संबंवधत शोधकाया का पुनरीक्षण
४. अनुसंधान की रूपरेखा
५. स्रोत एिं सामग्री – संकलन : पुस्तक, पत्र-पवत्रका, वडवजटल सामग्री
६. कम््यूटर का भावषक अनुप्रयोग
७. प्रश्नािली वनमााण
८. साक्षात्कार
९. सामग्री का वििेिन -विश्लेषण

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इ क ा ई ४ : श्र े य ा ंक : ०१
श ो ि – प्र ब ंि क ी रू प र े ि ा क ा ह न म ा स ण :
१. शोध प्रबंध की रूपरेखा
२. शीषा पृष्ठ
३. प्रस्तािना
४. अध्याय – विभाजन (शीषाक, उप शीषाक)
५. (अध्यायों के अंतगात भूवमका, विषय – वििेिन, विश्लेषण तथा उपसंहार अपेवक्षत है)
६. पाद वट्पणी
७. पररवशि
८. संदभा सूिी (आधार ग्रंथ, सहायक ग्रंथ, पत्र-पवत्रकाएँ , शब्दकोश, िेबसाईट )


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